कोरोना वायरस के संकट को देखते हुए BYJU ने फ्री किए अपने लर्निंग ऐप्स, ऐसे कर सकेंगे एक्सेस

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देश भर में बढ़ते कोरोना वायरस के संक्रमण के मामलों को देखते हुए ऑनलाइन लर्निंग ऐप BYJU ने अपने सभी लर्निंग एप्स फ्री कर दिए हैं. सरकार ने देश भर के स्कूल, कॉलेज बंद करने के आदेश दिए हैं. संक्रमण के चलते बच्चों का स्वास्थ्य प्रभावित न हो, इसलिए शैक्षण‍िक संस्थान बंद कर दिए हैं. सरकार के इसी फैसले के बाद BYJU ने अपने ऐप्स फ्री करने की घोषणा की है ताकि बच्चे घर पर बैठकर अपनी पढ़ाई कर सकें.

बता दें कि कक्षा एक से 12वीं कक्षा तक के छात्र अप्रैल के अंत तक मुफ्त में BYJU’S के लर्निंग ऐप का फ्री एक्सेस कर सकेंगे. वो इसे अपने मोबाइल पर भी डाउनलोड कर उपयोग कर सकते हैं. कक्षा एक से तीन के छात्र इन ऐप्स पर गणित और अंग्रेजी पढ़ सकते हैं और कक्षा 4 और 12वीं के छात्र BYJU’S ऐप पर गणित और विज्ञान के कॉन्सेप्ट सीख सकते हैं.

परीक्षा के मौसम को ध्यान में रखते हुए लर्निंग ऐप की मदद से छात्र सीख सकेंगे. यहां छात्रों को साल के अंत में होने वाली परीक्षाओं के लिए उनकी तैयारी जारी रखने में मदद मिलेगी.

ऐसे करें एक्सेस
छात्र BYJU’S-The Learning App और Disney BYJU’S अर्ली लर्न को प्ले स्टोर से फ्री डाउनलोड कर सकते हैं. छात्र इसमें एक्सेस करके BYJU’S लर्निंग मटीरियल की संपूर्ण लाइब्रेरी तक एक्सेस ले सकते हैं. इस पूर्व स्थापित ऐप (मुफ्त संस्करण) वाले छात्रों को पूरी तरह से सीखने की सामग्री को मुफ्त में एक्सेस करने के लिए इसे अपडेट करना होगा.

पढ़ाई का हो रहा नुकसान
यूनेस्को की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि 13 देशों के 290 मिलियन से अधिक छात्रों की शिक्षा COVID-19 संकट के कारण बाधित होगी. एजेंसी ने यह भी सुझाव दिया है कि लर्निंग-प्लेटफॉर्म छात्रों को ऐसे कठिन समय के दौरान दूरस्थ रूप से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करने में मदद करेगा. बता दें कि 250 मिलियन स्कूल जाने वाले छात्रों के आंकड़े में सबसे ज्यादा इंडिया के हैं.

विश्व स्तर पर 300 मिलियन के करीब बच्चों की लर्निंग लाइफस्टाइल वर्तमान स्थिति के कारण प्रभावित हुई है. बच्चों के पूर्ण विकास के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की हर रोज घर पर पहुंच बेहद महत्वपूर्ण है. छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा की रक्षा के लिए किए गए निवारक उपायों को देखते हुए BYJU ने ये योगदान देने का निर्णय लिया है. BYJU के सह संस्थापक व निदेशक दिव्या गोकुलनाथ ने कहा कि एक शिक्षण कंपनी के तौर पर यह हमारा योगदान है और हम शिक्षा प्रणाली का समर्थन करने के लिए प्रतिबद्ध हैं.

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