दमोह- ईपत्रकार.कॉम |दमोह जिले के भ्रमण पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान 25 नवम्बर को आयेंगे। वे यहां दमोह जिला मुख्यालय में आयोजित अन्त्योदय मेले में शामिल होंगे। इस अवसर पर विभिन्न हितग्राही मूलक योजनाओं के तहत हितग्राहियों को लाभान्वित किया जायेगा और निर्माण कार्यो का भूमि पूजन और लोकार्पण किया जायेगा। इसके साथ ही मुख्यमंत्री जी जिले का औचक निरीक्षण भी करेंगें। सभी अधिकारी अपने-अपने विभागों की योजनाओं का और अपने कार्यलयों-संस्थाओं का निरीक्षण कर लें। इस आशय के निर्देश आज कलेक्टर डॉ. श्रीनिवास शर्मा ने साप्ताहिक समय सीमा बैठक में दिये। उन्होंने मुख्यमंत्री जी के भ्रमण के संबंध में अधिकारियों से चर्चा भी की। इस अवसर पर एडीशनल कलेक्टर व्ही के देसाई और सीईओ जिला पंचायत एच एस मीणा सहित एसडीएम, जिलाधिकारी तथा सीईओ जनपद पंचायत मौजूद थे।
कलेक्टर डॉ. श्रीनिवास शर्मा ने सभी एसडीएम से कहा कि सीमांकन, बंटवारा प्रकरणों का निराकरण करायें और खसरा बी-1 सभी किसानों को मिल जायें सुनिश्चित किया जायें। उन्होंने एसडीएम से कहाकि नामांतरण पंजीयन पटवारियों से जमा करवा ली जायें। डॉ. शर्मा ने प्रधानमंत्री आवास की समस्याओं के निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को दिये। उन्होंने पेंशन के मामलों में कहा कोताही बर्दाश्त नहीं की जायेगी।
कलेक्टर डॉ. श्रीनिवास शर्मा ने इस आयोजित बैठक में मीडिया के माध्यम से संज्ञान में आई घटना-दुर्घटना के प्रकरणों और अन्य राजस्व परिपत्र तहत दी जाने वाली सहायता के प्रकरणों पर एसडीएमवार समीक्षा कर त्वरित निराकरण के निर्देश दिये। उन्होंने जनश्री बीमा, आधार पंजीयन के संबंध में चर्चा कर संबंधितों को निर्देशानुसार कार्रवाही के लिए कहा।
कलेक्टर ने नगरी क्षत्रों में पट्टा वितरण के संबंध में परियोजना अधिकारी शहरी विकास अभिकरण से चर्चा कर समय सीमा में कार्रवाही तय करने के निर्देश दिये। परियोजना अधिकारी कपिल खरे ने बताया कि पट्टा वितरण 25 नवम्बर से किया जायेगा। डॉ. शर्मा ने बीपीएल सूची से अपात्रों के नाम काटे जाने तथा पात्र हितग्राहियों के नाम जोड़े जाने की जानकारी लेकर आवश्यक दिशा निर्देश दिये। उन्होंने हितग्राही मूलक योजनाओं के संबंध में आदिम जाति कल्याण विभाग के जिला संयोजक से कहा कि जिन बैंकों द्वारा अनुसूचित-जनजाति के हितग्राहियों के प्रकरण स्वीकृति में विलंब किया जा रहा है, संबंधितों के विरूद्ध एट्रोसिटी एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज करवाने के निर्देश दिये। बैठक में सीएम हेल्पलाइन और समय सीमा पत्रों की समीक्षा कर त्वरित निराकरण के निर्देश दिये गये।





























































