जोक्स और शायरी मैं चाहता हूँ मैं तेरी… हर साँस में मिलूँ, By Editor - September 5, 2018 0 मैं चाहता हूँ मैं तेरी… हर साँस में मिलूँ, परछाईयों में, धूप में, बरसात में मिलूँ। कोई खुदा के दर पे मुझे ढूंढ़ता फिरे, मैं भी किसी को प्यार की सौगात में मिलूँ। तड़पे हजारों दिल मगर हासिल न मैं हुआ, तू चाहता है मैं तुझे यूँ ही खैरात में मिलूँ।