महाशिवरात्रि पर भगवान शिव को बेलपत्र चढ़ाने का विधान है। कहा जाता है कि शिव जी को बेल पत्र चढ़ाने से भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। भगवान भोले शंकर की दूग्धाभिषेक, जलाभिषेक, फलों के रस से अभिषेक या पूजा अर्चना करना बहुत ही शुभ माना गया है। भगवान शिव को बेलपत्र चढ़ाने से पहले कुछ बातों का ध्यान रखना और भी जरूरी है।
भगवान शिव पर बेल पत्र चढ़ाने से पहले ध्यान रखने योग्य बातें:
1.इस बात का हमेशा ध्यान रखें कि तीन पत्तियों वाला ही बेलपत्र भगवान शिवजी को चढ़ाएं। भगवान शिव को बेल पत्र तोड़ने के दिन और समय का भी खास महत्व है।
2.बेलपत्र को भगवान शिव को अर्पित करने से पहले अच्छे से धोकर ही इस्तेमाल करना चाहिए।
3.जब भी भोलेशंकर को बेलपत्र चढ़ाएं तो इस बात का ध्यान रखें कि बेल पत्र चढ़ाने के बाद जल जरूर अर्पण करना चाहिए। इसके अलावा बेलपत्र चढ़ाते समय ‘ॐ नमः शिवाय’ मंत्र का जाप भी करना चाहिए।
4.चंदन लगे बेलपत्र चढ़ाने से भगवान शिव अच्छी सेहत का वरदान देते हैं।
5.दूध के साथ बेल पत्र चढ़ाने से संतान की प्राप्त होती है।





























































