भीमा कोरेगांव हिंसा मामले में सुप्रीम कोर्ट ने आज अपना फैसला सुनाते हुए नक्सली कनेक्शन के आरोप में गिरफ्तार किए गए पांच कार्यकर्त्ताओं की नजरबंदी चार हफ्ते के लिए और बढ़ा दी है। कोर्ट ने SIT गठित करने की मांग से इंकार करते हुए पुणे पुलिस से जांच जारी रखने को कहा है।
साथ ही में कोर्ट ने कहा कि गिरफ्तार किए गए पांचों कार्यकर्त्ता राहत के लिए ट्रायल कोर्ट जा सकते हैं। उल्लेखनीय है कि वरवरा राव, अरुण फरेरा, वरनान गोन्साल्विज, सुधा भारद्वाज और गौतम नवलखा को पुणे पुलिस ने पिछले महीने गिरफ्तार किया था और कोर्ट ने 29 अगस्त को पांचों को उनके घरों में ही नजरबंद रखने का आदेश दिया था।





























































