मेडिकल कॉलेज के अधीन चलने वाले निर्माण कार्य समय पर पूरा करने के निर्देश

0

इन्दौर – (ईपत्रकार.कॉम) |कमिश्नर श्री आकाश त्रिपाठी की अध्यक्षता में एमजीएम मेडिकल कॉलेज कार्यकारिणी की बैठक सम्पन्न हुई। इस अवसर पर कमिश्नर श्री त्रिपाठी ने कहा कि एमजीएम मेडिकल कॉलेज के अधीन चल रहे निर्माण कार्यों को लोक निर्माण विभाग द्वारा समय-सीमा में पूरा किया जाये। उन्होंने कहा की 10 करोड़ रूपये की लागत से बनने वाले 254 सीटों वाले नर्सिंग छात्रावास का काम तय समय में पूरा किया जाये। इसी प्रकार बर्न यूनिट और वायरोलॉजी भवन का काम भी निर्धारित समय में पूरा किया जाये।

बैठक में एमजीएम मेडिकल कॉलेज की अधिष्ठाता डॉ. ज्योति बिंदल ने बताया कि एमजीएम मेडिकल कॉलेज का कायाकल्प किया जायेगा। उसके मीटिंग हॉल का नवीनीकरण किया जायेगा। स्कूल ऑफ नर्सिंग को स्वशासी नर्सिंग महाविद्यालय में समाहित कर दिया गया है। स्कूल ऑफ नर्सिंग के भवन स्टेट एलाइड हेल्थ साइंसेस इंस्टीट्यूट को सौंपा जा चुका है। स्टेट एलाइड हेल्थ साइंसेस इंस्टीट्यूट के शैक्षणिक अधोसंरचना एवं उपकरण हेतु 5 करोड़ रूपये की आवश्यकता है। स्टेट आर्गन ऐण्ड टिश्यू ट्रांसप्लांन्ट ऑर्गनाइजेशन (सोटो) की स्थापना एमजीएम मेडिकल कॉलेज में की जायेगी। इसके भवन निर्माण हेतु 6 करोड़ 68 लाख रूपये खर्च होंगे। इसी प्रकार स्कूल ऑफ एक्सीलेंस फॉर आई की स्थापना मेडिकल कॉलेज शाखा की शाखा के रूप में स्थापना की जा रही है। लगभग 40 करोड़ रूपये की लागत से इसका भवन कल्याणमल नर्सिंग होम की भूमि पर बनाया जायेगा। लोक निर्माण विभाग को इस काम के लिये जबलपुर चिकित्सा विश्वद्यालय द्वारा 10 करोड़ रूपये लोक निर्माण को दिये जा चुके हैं।

बैठक में बताया गया की शासकीय कैंसर अस्पताल, मनोरमा राजे क्षय चिकित्सालय और मानसिक अरोग्यशाला का कायाकल्प किया जायेगा। एमजीएम मेडिकल कॉलेज को आडिटोरियम के नवीनीकरण हेतु 2 करोड़ 71 लाख रूपये पीडब्लुडी को दिये जा चुके है। शीघ्र निर्माण कार्य शुरू होने वाला है। एमजीएम मेडिकल कॉलेज के छात्रावास में 75 लाख रूपये की लागत से फर्नीचर, इलेक्ट्रिकल सामान डाइनिंग टेबल, जिम आदि का सामान खरीदा जायेगा। बैठक में इन सब की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई। नये एक हजार सीटेड आडिटोरियम के लिये 8 करोड़ रूपये और स्वीकृत किये गये। बैठक में एमवाय चिकित्सालय में मेडिकल सामग्री (मशीनरी ऐण्ड इक्विपमेंट) खरीदने के लिये 39 लाख रूपये की स्वीकृति दी गई।

बैठक में एमवाय अस्पताल के अधीक्षक डॉ. पी.एस. ठाकुर, डॉ. एस.के. नारग, डॉ. सलिल भार्गव आदि मौजूद थे।

Previous articleआगामी 9 मार्च को नेशनल लोक अदालत हेतु प्रचार वाहन को हरी झण्डी दिखाकर किया रवाना
Next articleजिले मे मिजल्स रूबेला टीकाकरण अभियान के तहत 97 प्रतिशत लक्ष्य पूर्ण