राफेल विमान सौदे में कथित गड़बड़ी का मुद्दा संसद के शीतकालीन सत्र में छाया रहा. सोमवार को भी इस मसले पर जमकर हंगामा हुआ, इस बीच रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने सदन में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के आरोपों का जवाब तथ्यों के साथ दिया. निर्मला सीतारमण ने सदन को जानकारी दी कि केंद्र सरकार ने पिछले 4 साल में Hindustan Aeronautics Limited (HAL) के साथ काफी कॉन्ट्रेक्ट्स किए हैं.
हालांकि, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने सोमवार को एक बार फिर HAL के मुद्दे पर सरकार को घेरा. उन्होंने लिखा, HAL के पास अपने कर्मचारियों को तन्ख्वाह देने के लिए पैसे नहीं हैं. अब राफेल अनिल अंबानी के पास है, उन्हें अपने कॉन्ट्रैक्ट को पूरा करने के लिए HAL के शानदार टैलेंट की जरूरत होगी. बिना सैलरी के HAL के इंजीनियर AA की कंपनी में जाने को मजबूर होंगे.”
बता दें कि लोकसभा में भी कांग्रेस सांसद मल्लिकार्जुन खड़गे ने इस मुद्दे को उठाया. उन्होंने कहा कि रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण के बयान को तथ्यों से अलग बताते हुए कहा कि HAL के कर्मचारियों को वक्त पर सैलरी तक नहीं दी गई तो एक लाख करोड़ के ऑर्डर की बात पूरी तरह गलत है.
आपको बता दें कि सोमवार को रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में कहा कि 2014 से 2018 तक HAL को करीब 26 हजार करोड़ के ऑर्डर मिल चुके हैं और करीब 73 हजार करोड़ के ऑर्डर पाइपलाइन में हैं. उन्होंने दावा किया कि HAL की ओर से मुझे इस बात की पुष्टि की गई है. निर्मला सीतारमण बोलीं कि राफेल पर चर्चा के दौरान सदन में जो उन्होंने दावा किया था, वह बिल्कुल सही है.
गौरतलब है कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने आरोप लगाया था कि रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने भाषण में गलत तथ्य बताएं हैं.





























































