प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को हाल में संपन्न एशियाई खेलों में पदक जीतने वाले भारत के खिलाडिय़ों को बधाई दी और उन्हें ओलंपिक खेलों जैसी कड़ी प्रतियोगिताओं के लिए कड़ी मेहनत करने को कहा है। अपने आवास पर मुलाकात के दौरान खिलाडिय़ों की सराहना करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि खिलाडिय़ों के बेहतरीन प्रदर्शन से भारत के दर्जे और गौरव में इजाफा किया है। भारत ने इंडोनेशिया के जकार्ता और पालेमबांग में हुए 18वें एशियाई खेलों में रिकार्ड 69 पदक जीते। देश ने 2010 ग्वांग्झू खेलों के 65 पदकों के अपने पिछले सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन में सुधार किया।
प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान के अनुसार, ‘‘प्रधानमंत्री ने उम्मीद जताई कि पदक विजेता जमीन से जुड़े रहेंगे और ख्याति तथा सराहना के कारण अपना ध्यान नहीं खोएंगे।’’ बयान में कहा गया, ‘‘प्रधानमंत्री मोदी ने खिलाडिय़ों से अपील की कि वे अपनी हासिल की गई उपलब्धियों से ही संतुष्ट नहीं हों और उन्हें और बड़ा गौरव हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत करने को कहा। उन्होंने कहा कि पदक विजेताओं की सबसे बड़ी चुनौती अब शुरू होगी और उन्हें ओलंपिक खेलों के पोडियम पर जगह बनाने के अपने लक्ष्य से कभी नहीं भटकना चाहिए।’’
मोदी ने छोटे नगरों, ग्रामीण क्षेत्रों और गरीब तबके से उभरी युवा प्रतिभा को देखकर खुशी जताई। उन्होंने कहा, ‘‘ग्रामीण क्षेत्रों में असली क्षमता है और हमें उस प्रतिभा को निखारना जारी रखना होगा। बाहरी दुनिया उस संघर्ष से वाकिफ नहीं है जिसका सामना खिलाडिय़ों को रोज करना पड़ता है।’’ प्रधानमंत्री ने खिलाडिय़ों से अपील की कि वे अपने प्रदर्शन में सुधार में सहायता के लिए तकनीक का इस्तेमाल करें।
विज्ञप्ति के अनुसार, ‘‘प्रधानमंत्री कुछ खिलाडिय़ों का नाम लेते हुए भावुक हो गए जिन्हें देश के लिए पदक विजेता बनने के दौरान काफी मुश्किल समय से गुजरना पड़ा। उन्होंने उनकी प्रतिबद्धता और समर्पण को सलाम किया और उम्मीद जताई कि बाकी देश उनके प्रयास से प्रेरित होगा।’’ खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि प्रधानमंत्री के विजन और सरकार की पहल ने पदकों की संख्या में हुए इजाफे और युवा खिलाडिय़ों को प्रेरित करने में अहम भूमिका निभाई।




























































