मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की नाराजगी के बाद अब प्रदेश में स्टार्टअप और सूक्ष्म, लघु व मध्यम उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए वेंचर कैपिटल फंड बनाया जाएगा। ये 100 करोड़ रुपए का होगा। इससे नया उद्योग लगाने वालों को अंशदान मुहैया कराया जाएगा।
इसके लिए वित्त विभाग सोमवार को कैबिनेट में प्रस्ताव लाएगा। सूत्रों के मुताबिक मुख्यमंत्री काफी पहले छोटे उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए वेंचर कैपिटल फंड की स्थापना के निर्देश दे चुके हैं, लेकिन ये मामला फाइलों में ही दबा रहा।
तीन जनवरी को मुख्यमंत्री ने अधिकारियों के साथ बैठक में भी नाराजगी जताई थी। इसे देखते हुए अब वित्त विभाग ने फंड स्थापित करने के लिए कैबिनेट की अनुमति लेने प्रस्ताव तैयार किया है।
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग विभाग के अधिकारियों ने बताया कि नवाचार करने वालों को जरूरत के हिसाब से इस फंड में से अंशदान के तौर पर सरकार राशि मुहैया कराएगी। कैबिनेट में इसके अलावा रिक्त संविदा शाला शिक्षक की भर्ती के लिए पात्रता परीक्षा को लेकर विचार किया जाएगा।



































































