डोकलाम विवाद के बाद भारत अब सीमा पर ज्यादा चौकन्ना हो गया है। भारत ने इसके लिए जबर्दस्त तैयारी भी शुरू कर दी है और सीमा की रक्षा के लिए बड़े पैमाने पर इसके नजदीक निर्माण कार्य शुरू करने वाला है।
भारत चीन की सरहदों से लगती करीब 4 हजार किलोमीटर लंबी सीमा पर आधारभूत संरचना को बढ़ाने वाला है। इसमें विवादित इलाके के नजदीक भी सड़क निर्माण शुरू होने वाला है।
सीमा सुरक्षा को मजबूत करने का यह फैसला आर्मी कमांडरों की कॉन्फ्रेंस में लिया गया। भारत-चीन सीमा से लगे नीति, लिपुलेख, थांगला 1 को सड़क से जोड़ने का फैसला किया गया है। इसे 2020 तक पूरा करने की योजना है।
इसमें सड़क सीमा संगठन (BRO) को अतिरिक्त धन मुहैया कराने का भी फैसला किया गया है ताकि सड़क और अन्य ढांचे को मजबूत बनाया जा सके।






























































